एशिया कप: खलील अहमद को टीम IND में जगह, कंपाउंडर पिता बनाना चाहते थे बेटे को डॉक्टर

National

नई दिल्ली: एशिया कप के लिए टीम इंडिया की घोषणा कर दी गई है। इस टीम में एक नाम ऐसा है जो लोगों को चौंका सकता है। यह नाम है राजस्थान के 20 साल के लेफ्ट आर्म पेसर खलील अहमद का। उनके पिता एक कंपाउडर हैं। वह अपने बेटे को डाक्टर बनाना चाहते थे। लेकिन खलील ने मेडिकल की जगह खेल में करियर बनाने का फैसला किया। वह पूर्व क्रिकेटर राहुल द्रविड़ के शागिर्द हैं और उन्होंने ही खलील की प्रतिभा को निखारा है। आइए मिलते हैं टीम इंडिया में डेब्यू करने वाले खलील अहमद से…

पंजाब के खिलाफ एक मैच में लिए थे तीन विकेट
वह आईपीएल में दिल्ली डेयरडेविल्स का हिस्सा हैं। उसने पिछले साल रणजी ट्रॉफी में अपनी रफ्तार से लोगों को चौंका दिया था। पंजाब के खिलाफ एक मैच में उन्होंने तीन विकेट लिए थे और इसमें से एक गेंद 92 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से फेंकी गई थी। इसके अलावा खलील लगातार 148 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बॉलिंग करने में सक्षम हैं।

गांव से आईपीएल और अब टीम इंडिया में
खलील मूल रूप से राजस्थान के टोंक जिले के मालपुरा गांव के रहने वाले हैं। उन्होंने बहुत कम उम्र से क्रिकेट खेलना शुरू किया और धीरे-धीरे अपनी तेज रफ्तार और बेहतरीन बाउंसर की वजह से चर्चा में आए। उनको अंडर 19 टीम में जगह मिली। इसके बाद वो आईपीएल में सिलेक्ट हुए। बीसीसीआई इस युवा तेज गेंदबाज पर लगातार नजर बनाए हुए थी। वो एनसीए में ट्रेनिंग करते रहे हैं और  राहुल द्रविड़  को अपना गुरू मानते हैं। अब उनको एशिया कप की टीम में शामिल किया गया है।

जहीर और लक्ष्मण कर चुके हैं तारीफ
फिलहाल, टीम इंडिया में लेफ्ट आर्म पेसर नहीं है। जहीर खान और आशीष नेहरा के बाद यह जगह अब तक खाली ही नजर आ रही है। ऐसे में चयन समिति ने खलील को आजमाने का फैसला किया है। कुछ दिनों पहले जहीर खान ने खलील की काफी तारीफ की थी। एक इंटरव्यू में जहीर ने कहा था- वो शानदार बॉलर है और उसके पास रफ्तार भी है। मैंने उनको कुछ टिप्स दी हैं और भविष्य में वो देश के लिए खेलेंगे। वीवीएस. लक्ष्मण ने भी कहा था कि खलील की रफ्तार और बाउंसर किसी भी बल्लेबाज को चौंका सकती है। उनके पास स्लोअर वन भी जो वनडे और टी20 में बड़ा हथियार है।

टेनिस बॉल से शुरू किया था सफर
खलील खुद कहते हैं कि उन्होंने टेनिस बॉल से तेज गेंदबाजी शुरू की। बाद में सीमेंट विकेट पर उनका हुनर निखरता चला गया। 2016 में वो जब अंडर 19 टीम में चयनित हुए तो राहुल द्रविड़ ने उन्हें फिटनेस और दिमागी तौर पर ज्यादा बेहतर पेस बॉलर बना दिया।  उमेश यादव ने देवधर ट्रॉफी में उन्हें बारीकियां सिखाईं।

खलील ने अब तक खेले है 17 लिस्ट ए मैच
खलील ने अब तक 17 लिस्ट ए मैच खेले हैं। जिनमें उन्होंने 28 विकेट लिए हैं। राहुल द्रविड़ 2016 अंडर-19 विश्व कप से ही उन पर निगाह रखे हुए हैं। वह हाल में भारत ए के साथ इंग्लैंड दौरे पर भी गए थे।

खलील की गेंदबाजी को द्रविड़ ने दी धार
खलील की प्रतिभा को निखारने में राहुल द्रविड़ का बड़ा हाथ है। उन्होंने इंडिया-ए और अंडर-19 टीमों में द्रविड़ की निगेहबानी में अपने हुनर को संवारा। खलील जब 2016 में दिल्ली डेयरडेविल्स से जुड़े तो द्रविड़ इस टीम के मेंटर थे। खलील को 2016 में दिल्ली डेयरडेविल्स ने 10 लाख रुपये में खरीदा। यहां उनका राहुल द्रविड़ के साथ और लंबा हो गया। वह भारत अंडर-19 टीम के कोच थे और साथ ही दिल्ली डेयरडेविल्स के कोच भी थे। 2018 में सनराइजर्स हैदराबाद ने 20 लाख के बेस प्राइस वाले इस गेंदबाज को 3 करोड़ 20 लाख रुपये में खरीदा।

मुश्ताक अली टूर्नमेंट में शानदार प्रदर्शन
2018 के सैयद मुश्ताक अली टूर्नमेंट में खलील ने 10 मैचों में 17 विकेट लिए। वह टूर्नमेंट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों की लिस्ट में दूसरे पायदान पर रहे। उन्होंने 15.53 की औसत और 13.77 के स्ट्राइक रेट से गेंदबाजी की। खलील ने एक इंटरव्यू में बताया था कि उन्होंने जहीर खान को गेंदबाजी करते देख ही क्रिकेट खेलना शुरू किया। खलील का गेंदबाजी ऐक्शन भी जहीर से प्रभावित नजर आता है। हाल ही में इंग्लैंड दौरे पर इंडिया ए के लिए उन्होंने प्रभावी प्रदर्शन किया। उन्होंने वहां पांच मैचों में आठ विकेट लिए।

ये भी पढ़ें…महिला एशिया कप KualaLumpur : भारत हारा, बांग्लादेश बना चैम्पियन

 

 

 

The post एशिया कप: खलील अहमद को टीम IND में जगह, कंपाउंडर पिता बनाना चाहते थे बेटे को डॉक्टर appeared first on Newstrack Hindi.

Source: Hindi Newstrack